दो मंजिला मकान भरभराकर गिरा, मलबे से सात लोगों को निकाला गया
फतेहपुर (वंदना टाईम्स)। मलवां कस्बे में सोमवार को गैस सिलेंडर में विस्फोट से बड़ा हादसा हो गया। तेज धमाके के बाद दो मंजिला मकान भरभराकर गिर गया। हादसे में चार लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि एक व्यक्ति की हालत बेहद गंभीर बनी हुई है। दो अन्य घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद खतरे से बाहर बताया गया है। हादसे के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस, फायर ब्रिगेड और स्थानीय लोगों ने राहत एवं बचाव अभियान चलाकर मलबे में दबे लोगों को बाहर निकाला। हादसा मलवां थाना क्षेत्र के मलवां कस्बे में सूरज गुप्ता के मकान में हुआ। बताया गया कि गैस सिलेंडर फटने से जोरदार धमाका हुआ, जिसके बाद दो मंजिला मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त होकर मलबे में तब्दील हो गया। मलबे में लोगों के दबे होने की सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। सूचना मिलने पर डीएम निधि गुप्ता वत्स और एसपी अभिमन्यु मांगलिक ने भी मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के मुताबिक, शाम करीब साढ़े पांच बजे पीआरवी को सिलेंडर ब्लास्ट और मलबे में लोगों के दबे होने की सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस टीम ने तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। अब तक मलबे से कुल सात लोगों को बाहर निकाला गया है, जिनमें चार की मौत हो चुकी है।
हादसे में एक व्यक्ति की हालत बेहद गंभीर बताई जा रही है। और वेंटिलेटर पर उसका उपचार चल रहा है। डॉक्टरों की टीम उसकी जान बचाने के प्रयास में जुटी है। वहीं एक महिला और एक पुरुष को प्राथमिक उपचार के बाद खतरे से बाहर बताया गया है। धमाके से मुख्य मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया, जबकि आसपास के कुछ मकानों की बीम भी प्रभावित हुई हैं। हालांकि आसपास के क्षेत्र में किसी अन्य व्यक्ति के हताहत होने की सूचना नहीं है। हादसे की सूचना के बाद फॉरेंसिक और फायर विभाग की टीमें भी मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गईं।
प्रत्यक्षदर्शियों ने गैस सिलेंडर फटने की बात बताई है, हालांकि विस्फोट की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है। अधिकारियों के अनुसार इसकी जांच की जा रही है। मलबे में किसी अन्य व्यक्ति के दबे होने की आशंका को देखते हुए राहत एवं बचाव अभियान जारी रखा गया है। एसडीआरएफ की टीम को भी मौके के लिए रवाना किया गया है। रात में रेस्क्यू अभियान जारी रखने के लिए अतिरिक्त लाइटों की व्यवस्था की जा रही है।
