फतेहपुर (वंदना टाईम्स)। समाजवादी पार्टी के स्नातक एमएलसी डॉ. मानसिंह यादव ने भाजपा सरकार पर लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने और चुनाव आयोग से मिलीभगत कर सत्ता हासिल करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा के शासन में बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर का संविधान खतरे में है। सरकार की नीतियों से युवा, किसान, शिक्षक और कर्मचारी परेशान हैं। जेन-जी युवा भी अब भाजपा की असलियत जान चुके हैं।
स्नातक चुनाव प्रक्रिया के सिलसिले में जनपद पहुंचे एमएलसी डॉ. मानसिंह यादव ने रविवार को शादीपुर स्थित समाजवादी पार्टी कार्यालय में संपूर्ण क्रांति के प्रणेता जयप्रकाश नारायण की पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने भाजपा सरकार की नीतियों और चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठाए। अपने अधिकारों के लिए आंदोलन कर रहे जेन-जी युवाओं पर कार्रवाई को भी उन्होंने गलत बताया।
डॉ. यादव ने कहा कि स्नातक चुनाव जागरूक और शिक्षित मतदाताओं का चुनाव है। मतदाता अपने अधिकारों की आवाज उठाने वालों को चुनेंगे। उन्होंने कहा कि सदन में वह हमेशा युवाओं और शिक्षकों के मुद्दे उठाते रहे हैं। सपा की सरकार बनने पर पुरानी पेंशन बहाली, वित्तविहीन शिक्षकों को मानदेय देने, आरक्षण घोटाले की जांच कराने और पेपर लीक मामलों में दोषियों पर कार्रवाई का भरोसा दिया।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के एजेंडे में शिक्षा, स्वास्थ्य, किसान और युवा प्राथमिकता में नहीं हैं। युवाओं को रोजगार देने के बजाय उन्हें रिक्शा चलाने के लिए प्रोत्साहित करना उनके मनोबल को तोड़ने जैसा है। उन्होंने कहा कि अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाने वाले जेन-जी युवाओं पर कार्रवाई की जा रही है। युवाओं के समर्थन में पहुंचे सपा मुखिया अखिलेश यादव को भी गिरफ्तार कर लिया गया। इस मौके पर सपा जिलाध्यक्ष सुरेंद्र सिंह यादव, जिला महासचिव चौधरी मंजर यार, अरुणेश यादव, वीरेंद्र यादव और रामतीर्थ परमहंस सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
